शूटर अखिल ने विदेशी धरती पर फहराया परचम

किसान पिता ने बेटे को कर्ज लेकर राइफल दिलाई थी खेलपथ संवाद बागपत। एशियन गेम्स में देश को स्वर्ण पदक दिलाने वाले अंगदपुर गांव के अखिल श्योराण ने उधार की राइफल से प्रैक्टिस शुरू की थी। इसलिए ही शुरूआत में अखिल का ट्रायल छूट गया था और तब किसान पिता रविंद्र श्योराण ने कर्ज लेकर बेटे को राइफल दिलाई। जिसके बाद अखिल ने सोने समेत अन्य तमगों की लाइन लगा दी। अखिल श्योराण ने मेरठ के गॉडविन स्कूल में पढ़ाई करते हुए वर्ष 2007 में वहां से म.......

पलक ने चूमा स्वर्णिम फलक

गांव निमाणा में बिटिया की सफलता पर लड्डू बंटे खेलपथ संवाद झज्जर। एशियन गेम्स में झज्जर जिले की पलक गुलिया ने 10 मीटर एयर पिस्टल इवेंट में गोल्ड मेडल हासिल किया तो पूरे देश के साथ उनका गांव खुशी से झूम उठा। गांव में परिजनों ने लड्डू बांटे और पटाखे फोड़कर बेटी की जीत का जश्न मनाया।  झज्जर जिले के गांव निमाणा की 17 वर्षीय पलक की चचेरी बहन निशा का कहना है कि पलक बचपन से ही मेहनती खिलाड़ी रही है। खेल ही नहीं पढ़ाई में भी वह खू.......

पूरा षड्यंत्र मुझे बदनाम करने के लिये रचा गया

महिला पहलवानों से विवाद पर बोले बृजभूषण शरण सिंह खेलपथ संवाद रोहतक। भारतीय कुश्ती संघ के पूर्व अध्यक्ष व सांसद बृजभूषण शरण सिंह महिला पहलवानों से विवाद के मामले में खुलकर बोले। उन्होंने कहा कि उनके खिलाफ ऐसा माहौल बनाया गया जो लोगों को सच लगने लगा था, लेकिन जैसे-जैसे समय बीतता जा रहा है, सारी बातें शीशे की तरह साफ होती जा रही हैं।  मामला कोर्ट में विचाराधीन है अभी उनके खिलाफ आरोप तय नहीं हुए हैं। पुलिस ने जो चार्जशीट दाखि.......

दादाओं की वीरगाथाएं सुन अर्जुन बने निशानेबाज

शिवा ने एशियाड तो भाई मनीष ने विश्व कप में जीता सोना खेलपथ संवाद नई दिल्ली। एशियाड में 10 मीटर एयर पिस्टल का टीम स्वर्ण जीतने वाले अर्जुन सिंह चीमा को बचपन से ही अपने परिवार की पाकिस्तान के साथ हुए 1971 के युद्ध की वीरगाथाएं सुनने को मिलीं। आखिर उनके दादा अमरजीत सिंह चीमा सेना से कर्नल पद पर सेवानिवृत्त हुए।  अमरजीत सिंह के बड़े और छोटे दो भाई और बहनोई भी सेना में थे और पाकिस्तान के साथ 1971 का युद्ध लड़े। दो को इस युद्ध .......

एशियाड में आज से दिखेगा यूपी के एथलीटों का दम

68 एथलीटों में 13 उत्तर प्रदेश के, बेटियां अधिक खेलपथ संवाद नई दिल्ली। चीन में चल रहे 19वें एशियाई खेलों में आज से पांच अक्टूबर तक एथलेटिक्स की स्पर्धाएं होने जा रही हैं। इनमें भारत का 68 सदस्यीय दल शिरकत कर रहा है, इनमें 13 एथलीट उत्तर प्रदेश के हैं। इन एथलीटों में पश्चिम उत्तर प्रदेश की बेटियों से देश को पदक की उम्मीदें अधिक हैं। देखा जाए तो क्रांतिधरा की बेटियों का खेलों में हमेशा जलवा रहा है। वह बेटों से बहुत आगे निकल चुकी.......

चीन में चांदी सी चमकी वुशू खिलाड़ी रोशिबिना देवी

पिता रोज प्रदर्शन कर रहे, चिंता में मां रात भर जगती हैं खेलपथ संवाद हांगझोऊ। एशियाई खेल 2023 में भारत के लिए रजत पदक जीतने वाली रोशिबिना देवी लगातार चर्चा में हैं। उन्होंने वुशू में महिलाओं की 60 किलोग्राम स्पर्धा में रजत पदक अपने नाम किया। भारत के तीन वुशू खिलाड़ियों को वीजा नहीं मिलने के कारण यह खेल पहले से ही चर्चा में था और रोशिबिना ने इस खेल में पदक जीतकर सभी देशवासियों को गौरवान्वित कर दिया। उन्होंने अपनी जीत का कोई खास जश्न नह.......

डोपिंग की गिरफ्त में राजधानी दिल्ली

दिल्ली स्टेट एथलेटिक्स चैम्पियनशिप से खिलाड़ी गायब 100 मीटर फाइनल रेस में अकेले दौड़े ललित कुमार खेलपथ संवाद नई दिल्ली। दिल्ली स्टेट एथलेटिक्स चैम्पियनशिप के आखिरी दिन अजीब वाकया देखने को मिला। 23 से 26 सितम्बर तक हुए इस टूर्नामेंट के अंतिम दिन जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में नेशनल एंटी डोपिंग एजेंसी (नाडा) का खौफ देखने को मिला। नाडा के पदाधिकारियों को देखकर कई एथलीट स्टेडियम से भाग गए। स्थिति ऐसी थी कि पुरुषों के 100 मीटर रेस में.......

वुशू खिलाड़ी एशियाई खेलों में शामिल नहीं होने से निराश

चीन की मनमानी से एशियाड में शिरकत नहीं कर सकीं अरुणाचल की खिलाड़ी खेलपथ संवाद ईटानगर। एशियाई खेल 2023 में भारत की तीन वुशू खिलाड़ी भाग नहीं ले पाई हैं। 19वें एशियाई खेलों में अरुणाचल प्रदेश के न्येमान वांग्सू, ओनिलु तेगा और मेपुंग लाम्गु को भाग लेने का मौका नहीं मिला है। चीन की तरफ से इन खिलाड़ियों को नत्थी वीजा जारी किया गया था, जिसे भारत सरकार ने स्वीकार नहीं किया। इस वजह से ये तीनों खिलाड़ी एशियाई खेलों में भाग नहीं ले पाए। .......

सृष्टि रानी और हरिओम रहे फर्राटा चैम्पियन

दौड़ में खुशी तो चक्का फेंक में सुहानी की जय-जय प्रांतीय एथलेटिक्स प्रतियोगिता में दिखी पदक जीतने की होड़  नवीन सिंह परमार फारबिसगंज (बिहार)। लोक शिक्षा समिति बिहार के तत्वावधान में फारबिसगंज में आयोजित 34वीं प्रांतीय खेलकूद प्रतियोगिता के दूसरे दिन खिलाड़ी भैया-बहनों ने शानदार प्रदर्शन किया। हर खिलाड़ी भैया-बहन में पदक जीतने की लालसा और होड़ देखी गई। दूसरे दिन भैया-बहनों ने दौड़, लम्बी कूद, ऊंची कूद, गोला फेंक, चक्का फेंक.......

विद्या भारती का सपना, स्वस्थ राष्ट्र हो अपना

34वीं प्रांतीय एथलेटिक्स प्रतियोगिता का शानदार आगाज नवीन सिंह परमार फारबिसगंज (बिहार )। देश की युवा पीढ़ी खेलों के माध्यम से न केवल स्वयं को स्वस्थ रख सकती है बल्कि स्वस्थ राष्ट्र के संकल्प को भी पूरा कर सकती है। इसी उद्देश्य को लेकर विद्या भारती प्रतिवर्ष छात्र-छात्राओं के लिए खेलकूद प्रतियोगिता का आयोजन करती है। इसी क.......