उठना, गिरना और जीतना सिखाते हैं खेलः योगी आदित्यनाथ
छह खिलाड़ियों को मिले नियुक्ति पत्र, नौ बने लक्ष्मण और रानी लक्ष्मीबाई
खेलपथ संवाद
लखनऊ। उत्तर प्रदेश के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चमक बिखरने वाले खिलाड़ियों के लिए लोकभवन में आयोजित सम्मान समारोह में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि हर पदक के पीछे एक कहानी होती है। केवल भाग्य ही नहीं बल्कि उसके पीछे संघर्ष, अनुशासन व हार न मानने का दृढ़ संकल्प भी होता है। जितना पसीना बहेगा, जीत उतना ही निकट आएगी। खेल गिरना, उठना और जीतना सिखाते हैं। जो गिरेगा, वही उठेगा और जो उठेगा, वही जीतेगा। जो गिरने से कांप जाएगा, वह उठ नहीं पाएगा।
उन्होंने नियुक्ति पत्र, लक्ष्मण व लक्ष्मीबाई अवॉर्ड हासिल करने वाले और अंतरराष्ट्रीय पदक विजेता सम्मानित खिलाड़ियों को बधाई देते हुए कहा कि लक्ष्मण व रानी लक्ष्मीबाई पुरस्कार राशि को बढ़ाने का समय आ गया है। अगले वर्ष से इसे 3.11 लाख रुपये के बजाय 10-10 लाख किया जाएगा। उन्होंने कहा कि वीरवर लक्ष्मण समर्पण, कर्तव्यनिष्ठा व अनुशासन के प्रतीक हैं। रानी लक्ष्मीबाई पुरस्कार नारी गरिमा, स्वावलम्बन और तेज का प्रतीक है। यह सम्मान राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विशिष्ट योगदान देने वाले खिलाड़ियों को दिया जाता है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि युवा शक्ति, अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा के साथ ही राष्ट्र के उज्ज्वल भविष्य की भी महत्वपूर्ण कड़ी हैं। प्रदेश सरकार नौ वर्ष के नवनिर्माण कार्यक्रम के साथ बढ़ रही है। इस दौरान हमारी सरकार ने पुरस्कार और प्रोत्साहन के रूप में 200 करोड़ रुपये खिलाड़ियों को उपलब्ध कराए हैं। इसके अलावा भारत की समृद्ध परम्परा के रूप में कबड्डी, कुश्ती, खो-खो समेत अनेक देसी खेल को बढ़ाया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि 2014 में शपथ लेने के उपरांत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नई खेल संस्कृति को बढ़ावा दिया। सीएम ने खेलो इंडिया खेलो, फिट इंडिया मूवमेंट व सांसद खेलकूद स्पर्धा का भी जिक्र करते हुए कहा कि 2017 के बाद राज्य सरकार ने विधायक खेलकूद स्पर्धा का शुरुआत की। हर ब्लॉक स्तर पर खेलो इंडिया के केंद्र स्थापित हो रहे हैं। राज्य सरकार ने ग्रामीण लीग की खेल की नई परंपरा को आगे बढ़ाया।
सीएम योगी ने कहा कि मेरठ में खेल विश्वविद्यालय का निर्माण हो चुका है। मई-जून में उसका लोकार्पण होगा। हर मंडल स्तर पर स्पोर्ट्स कॉलेज का निर्माण करेंगे और इसे किसी एक खेल के लिए सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के रूप में विकसित करेंगे। इस दौरान पैरा एथलीट सिमरन और हॉकी खिलाड़ी उत्तम सिंह ने प्रदेश सरकार की खेल योजनाओं की सराहना करते हुए कहा यूपी में मिल रही खेल सुविधाओं के चलते प्रदेश का खेल भविष्य सुरक्षित हुआ है। कार्यक्रम में खेल मंत्री गिरीश चंद्र यादव, महापौर सुषमा खर्कवाल, विधान परिषद सदस्य महेंद्र सिंह, अवनीश सिंह, लालजी प्रसाद निर्मल, विधायक राजेश्वर सिंह, जय देवी समेत अन्य मौजूद रहे।
सीएम योगी ने जापान के काईजेन (निरंतर सुधार) व मोनो जुकरी (उत्कृष्ट निर्माण कला) का जिक्र किया और कहा कि हर कार्य में निरंतर सुधार की गुंजाइश होती है। अच्छा करने की दिशा में प्रयास करना चाहिए। ये सिर्फ दो शब्द नहीं, बल्कि जीवन की अवधारणा है। जो जीवन को लक्ष्य तक पहुंचाने में नई कार्यशैली का हिस्सा होता है।
सीएम योगी ने कहा कि उत्तर प्रदेश के खेल सचिव सुहास एलवाई ओलम्पियन हैं। उन्होंने कई बार देश के लिए ओलम्पिक समेत अन्य बड़े खेल मंचों पर पदक जीते हैं। साथ ही खेल निदेशक डॉ. आरपी सिंह भारतीय हॉकी टीम को लीड कर चुके हैं। उस फील्ड से जुड़ा व्यक्ति कार्य करता है तो खेल की गतिविधियां भी बढ़ती हैं। उम्मीद है कि दोनों मिलकर प्रदेश में खेल को बढ़ाने के लिए काम करते रहेंगे।
छह खिलाड़ियों को मिले नियुक्ति पत्र, नौ बने लक्ष्मण और रानी लक्ष्मीबाई
सीएम योगी ने लोकभवन में आयोजित समारोह में हॉकी खिलाड़ी गाजीपुर के राजकुमार पाल के अलावा पैरा खिलाड़ी प्रवीण कुमार (गौतमबुद्धनगर) को डीएसपी के नियुक्ति पत्र दिए। साथ ही पैरा खिलाड़ी अजीत सिंह (इटावा) सिमरन (गाजियाबाद) और प्रीतिपाल सिंह (मुजफ्फनगर) को जिला पंयायत राज अधिकारी के नियुक्ति पत्र दिए। रिंकू सिंह (अलीगढ़) आईपीएल की तैयारियों के चलते समारोह में भाग नहीं ले सके। उन्हें खेल विभाग में क्षेत्रीय क्रीड़ाधिकारी बनाया गया है।
इसके अलावा सीएम ने प्रदेश के नौ खिलाड़ियों को प्रदेश के सबसे बड़े खेल सम्मान लक्ष्मण और रानी लक्ष्मीबाई अवॉर्ड से नवाजा। इसमें गाजीपुर के उत्तम सिंह (हॉकी), प्रयागराज के अभिजीत कुमार (जिम्नास्टिक), नोएडा के जोंटी कुमार (कुश्ती), आगरा के यश कुमार (पैरा कैनोइंग) और नोएडा के प्रवीण कुमार (पैरा एथलेटिक्स) को लक्ष्मण अवॉर्ड और सहारनपुर की प्राची (एथलेटिक्स), बागपत की तान्या चौधरी (एथलेटिक्स), लखनऊ की प्रगति केसरवानी (पैरा टेबल टेनिस) और नोएडा की वंकिता अग्रवाल (शतरंज) को रानी लक्ष्मीबाई अवॉर्ड दिया गया। समारोह में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सफलता हासिल करने वाले 14 खिलाड़ियों को एक करोड़ 64 लाख रुपए की धनराशि दी गई।
प्रोत्साहन राशि पाने वाले खिलाड़ी- विनय- गोरखपुर- पैरा पावरलिफ्टिंग- 40 लाख, विक्रांत बालियान- मेरठ- वुशू- 15 लाख, सागर दांगी- बागपत- शूटिंग- 15 लाख, दीपक कुमार- गाजियाबाद- पर्वतारोही- 15 लाख, ले. कर्नल भानु पाठक- गोरखपुर- पर्वतारोही- 15 लाख, तनुश्री पांडेय- लखनऊ- सॉफ्ट टेनिस- 14 लाख, ओम यादव- लखनऊ- सॉफ्ट टेनिस- 12 लाख, राजकुमार पाल- गाजीपुर- हॉकी- 10 लाख, यश कुमार- आगरा- पैरा कैनोइंग- 10 लाख, मुस्कान यादव- प्रयागराज- सॉफ्ट टेनिस- छह लाख, अभय सिंह- वाराणसी- कयाकिंग व कैनोइंग- पांच लाख, श्रवण कुमार- बागपत- शूटिंग- तीन लाख, यश तोमर- बागपत- शूटिंग- दो लाख, ईशान खान- बागपत- शूटिंग- दो लाख।
