ब्रज क्षेत्र के स्पेशल बच्चों के सपनों को पंख लगाएगा केडी विश्वविद्यालय
शिक्षा, चिकित्सा और खेलों के उत्थान को स्पेशल ओलम्पिक्स भारत से किया अनुबंध
मथुरा। ब्रज क्षेत्र के स्पेशल बच्चों को अब शिक्षा, चिकित्सा तथा खेल के क्षेत्र में किसी भी प्रकार की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा, उनके सपनों को केडी विश्वविद्याल पंख लगाएगा। स्पेशल बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए केडी विश्वविद्यालय और स्पेशल ओलम्पिक्स भारत ने मिलकर काम करने फैसला लिया है। इस सेवाभावी कार्य के लिए 25 मार्च को दोनों संस्थानों के पदाधिकारियों ने न केवल समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए बल्कि स्पेशल बच्चों के लिए बिल्कुल अलग तरह की सेवाएं उपलब्ध कराने का भरोसा भी दिया है।
समझौता ज्ञापन पर केडी विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. मनेष लाहौरी, प्रति-कुलपति डॉ. गौरव सिंह एवं कुलसचिव डॉ. विकास कुमार अग्रवाल तथा स्पेशल ओलम्पिक्स भारत की तरफ से राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. मल्लिका नड्डा, उत्तर प्रदेश स्पेशल ओलम्पिक्स भारत के अध्यक्ष मुकेश शुक्ला, क्षेत्रीय निदेशक संजीव दोहरे और राष्ट्रीय क्लीनिकल सलाहकार डॉ. रीना आर. कुमार ने हस्ताक्षर किए।
केडी विश्वविद्यालय के प्रति-कुलाधिपति मनोज अग्रवाल ने कहा कि स्पेशल ओलम्पिक्स भारत का एक राष्ट्रीय खेल महासंघ है, जो स्पेशल बच्चों को सशक्त बनाने की दिशा में निरंतर प्रयत्नशील है। श्री अग्रवाल ने कहा कि यह अनुबंध ब्रज क्षेत्र में सेवाभाव का एक अच्छा उदाहरण बने तथा इससे अधिक से अधिक स्पेशल बच्चे और वयस्क लाभान्वित हों, यही केडी विश्वविद्यालय का उद्देश्य है।
कुलपति डॉ. मनेष लाहौरी ने बताया कि केडी विश्वविद्यालय समाज के हर वर्ग को आपसी सहयोग और सहभागिता से लाभान्वित करने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। स्पेशल ओलम्पिक्स भारत से हुआ यह अनुबंध भी उसी का एक हिस्सा है। कुलपति डॉ. लाहौरी ने बताया कि स्पेशल ओलम्पिक्स भारत बौद्धिक रूप से कमजोर बच्चों के लिए खेल, स्वास्थ्य और नेतृत्व कार्यक्रम संचालित करने वाला एक मान्यता प्राप्त राष्ट्रीय खेल महासंघ है। यह संस्था पूरे भारत में 15 लाख से अधिक पंजीकृत स्पेशल खिलाड़ियों के साथ खेल समावेशिता को बढ़ावा देती है और स्थानीय स्तर पर कोचों व स्वयंसेवकों को प्रशिक्षित करती है। डॉ. लाहौरी ने कहा कि स्पेशल ओलम्पिक्स भारत से हुआ यह अनुबंध अब ब्रज क्षेत्र के स्पेशल बच्चों के मानसिक विकास और प्रोत्साहन को नई दिशा देगा।
कुलसचिव डॉ. विकास कुमार अग्रवाल ने कहा कि इस अनुबंध से ब्रज क्षेत्र के स्पेशल बच्चे और वयस्क दोनों लाभान्वित होंगे। स्पेशल ओलम्पिक्स भारत के साथ मिलकर केडी विश्वविद्यालय बौद्धिक अक्षमता वाले लोगों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ने का प्रयास करेगा। इतना ही नहीं खेल-खेल में वे अपने जीवन का आनंद लें इसका भी पूरा प्रयास किया जाएगा। डॉ. अग्रवाल ने कहा कि केडी विश्वविद्यालय स्पेशल बच्चों और वयस्कों को दंत जांच, फिजियोथेरेपी, श्रवण परीक्षण, नेत्र परीक्षण आदि के माध्यम से सहयोग देगा। इतना ही नहीं विश्वविद्यालय स्पेशल ओलम्पिक्स मिशन के माध्यम से स्पेशल बच्चों और वयस्कों को शारीरिक फिटनेस विकसित करने, साहस दिखाने, आनंद का अनुभव करने तथा समाज के साथ प्रतिभा, कौशल और मित्रता साझा करने का निरंतर प्रयास करेगा।
स्पेशल ओलम्पिक्स भारत के पदाधिकारियों ने भी इस अनुबंध की प्रशंसा की और कहा कि इससे ब्रज क्षेत्र के स्पेशल बच्चों को नियमित प्रशिक्षण मिलेगा तथा उनका कौशल विकसित करने में मदद मिलेगी। स्पेशल ओलम्पिक्स भारत केडी विश्वविद्यालय को एकीकृत खेल उपकरण मुहैया कराने के साथ विश्वविद्यालय के छात्र-छात्राओं में से प्रमाणित प्रशिक्षकों को तैयार करने हेतु कोचिंग प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित करेगा। केडी विश्वविद्यालय स्पेशल खिलाड़ियों के स्वास्थ्य संबंधी डेटा का उपयोग समाज में जागरूकता बढ़ाने के लिए करेगा। इससे बौद्धिक रूप से कमजोर व्यक्तियों के स्वास्थ्य संबंधी ज्ञान और जानकारी के आदान-प्रदान से समाज में बड़ा बदलाव आएगा।
चित्र कैप्शनः समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर के बाद केडी विश्वविद्यालय और स्पेशल ओलम्पिक्स भारत के पदाधिकारी।
