अफवा-हावरंग अकादमी के होनहार तेजस्वी और उदित का जलवा
केवीएस की राष्ट्रीय ताइक्वांडो प्रतियोगिता में जीता रजत और कांस्य पदक
खेलपथ संवाद
बेंगलुरु। अफवा-हावरंग अकादमी के होनहार खिलाड़ियों मास्टर तेजस्वी गुप्ता और मास्टर उदित यादव ने बेंगलूरु में हुई 55वीं केवीएस नेशनल स्पोर्ट्स मीट में बालकों की अण्डर-17 आयु वर्ग स्पर्धा में शानदार प्रदर्शन करते हुए क्रमशः रजत और कांस्य पदक हासिल किए।
अण्डर-17 आयु वर्ग के 41 किलो भारवर्ग में खेलते हुए मास्टर तेजस्वी गुप्ता ने शानदार प्रदर्शन किया और रजत पदक अपने नाम किया। उन्होंने लगातार मुकाबलों में अपने कौशल, आत्मविश्वास और उत्कृष्ट फाइटिंग स्प्रिट का प्रदर्शन करते हुए फाइनल तक का सफर तय किया और स्वर्ण पदक से बेहद करीब रह गए। उनका यह प्रदर्शन अफवा-हावरंग अकादमी के उच्च स्तरीय प्रशिक्षण और उनकी कड़ी मेहनत, अनुशासन एवं समर्पण का प्रमाण है।
इसी प्रतियोगिता में मास्टर उदित यादव ने 55 किलो भारवर्ग में शानदार प्रदर्शन करते हुए कांस्य पदक प्राप्त किया। उदित ने अपने शुरुआती दोनों मुकाबले जीतकर सेमीफाइनल में प्रवेश किया। सेमीफाइनल में उनका मुकाबला चंडीगढ़ रीजन के मास्टर तेजस यादव से हुआ, जो स्वयं हावरंग अकादमी के एक अन्य प्रशिक्षित खिलाड़ी हैं। इस प्रकार मुकाबले का परिणाम चाहे जो रहा हो, यह अफवा-हावरंग अकादमी के लिए गर्व का विषय रहा कि उसके दो प्रशिक्षित खिलाड़ी राष्ट्रीय स्तर के मुकाबले में आमने-सामने थे।
चेन्नई रीजन की टीम में हावरंग अकादमी का महत्वपूर्ण योगदान
55वीं केवीएस नेशनल ताइक्वांडो चैम्पियनशिप में चेन्नई रीजन की अण्डर-17 बालक टीम में कुल 15 खिलाड़ी शामिल हुए, जिनमें से 8 खिलाड़ी अफवा-हावरंग अकादमी के नियमित प्रशिक्षु थे। चेन्नई रीजन ने राष्ट्रीय प्रतियोगिता में कुल एक रजत पदक तथा तीन कांस्य पदक प्राप्त किए। इनमें अफवा-हावरंग अकादमी के खिलाड़ियों ने 1 रजत और 1 कांस्य पदक जीतकर चेन्नई रीजन की राष्ट्रीय उपलब्धि में महत्वपूर्ण योगदान दिया।
17 वर्षों से केवीएस चेन्नई रीजन को चैम्पियंस बनाने में योगदान
अफवा-हावरंग अकादमी पिछले लगभग 17 वर्षों से चेन्नई रीजन में केवीएस ताइक्वांडो के विकास और खिलाड़ियों की प्रतिभा को निखारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। इस अवधि में अकादमी ने चेन्नई रीजन से हजारों मेडलिस्ट तैयार किए हैं। 2011 से लगभग प्रत्येक केवीएस नेशनल में लगातार पदक विजेता खिलाड़ी दिए हैं। चेन्नई में लगभग प्रत्येक वर्ष एसजीएफआई स्तर पर खिलाड़ियों का प्रतिनिधित्व सुनिश्चित किया है।
कई वर्षों में केवीएस नेशनल में चेन्नई रीजन की लगभग 50 से 80% टीम अफवा-हावरंग अकादमी के प्रशिक्षुओं से बनी है। अकादमी ने राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिस्पर्धा करने वाले खिलाड़ियों को निरंतर प्रशिक्षण एवं मार्गदर्शन प्रदान किया है। यह उपलब्धियां केवल पदकों की संख्या नहीं, बल्कि 17 वर्षों की निरंतर मेहनत, अनुशासन, प्रशिक्षण और खेल के प्रति समर्पण की कहानी है। इस सफलता के पीछे अकादमी के संस्थापक डॉ. अशोक कुमार लेंका का महत्वपूर्ण योगदान है। डॉ. लेंका वर्ष 2011 से चेन्नई–अवाडी क्षेत्र में ताइक्वांडो के विकास और खिलाड़ियों के प्रशिक्षण में सक्रिय योगदान दे रहे हैं।
