विमेंस टी-20 वर्ल्ड कप पर ऑस्ट्रेलिया का सातवीं बार कब्जा
बेथ मूनी प्लेयर ऑफ द मैच और प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट बनीं
खेलपथ संवाद
लंदन। ऑस्ट्रेलिया ने सातवीं बार विमेंस टी-20 वर्ल्ड कप का खिताब जीत लिया। लॉर्ड्स में खेले गए फाइनल में टीम ने इंग्लैंड को 7 विकेट से हराया। ऑस्ट्रेलिया ने 151 रन का लक्ष्य 17 बॉल शेष रहते 3 विकेट खोकर हासिल कर लिया। ऑस्ट्रेलिया की बेथ मूनी ने महिला टी-20 वर्ल्ड कप 2026 में इतिहास रच दिया। वह दो बार 'प्लेयर ऑफ द फाइनल' (2023 और 2026) और दो बार 'प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट' (2020 और 2026) का पुरस्कार जीतने वाली पहली खिलाड़ी बन गईं।
बेथ मूनी ने 49 गेंदों पर 64 रन की मैच जिताऊ पारी खेली। इसमें 10 चौके शामिल रहे। फीबी लिचफील्ड ने 35 गेंदों पर 48 रन बनाए। दोनों ने दूसरे विकेट के लिए 100 रन की साझेदारी कर जीत की नींव रखी। अंत में एलिस पेरी (13 नाबाद) और एश्ले गार्डनर (3 नाबाद) ने टीम को जीत दिलाई। इंग्लैंड की ओर से लॉरेन बेल, चार्ली डीन और सोफी एक्लस्टन ने 1-1 विकेट लिए।
इससे पहले टॉस हारकर पहले बैटिंग करने वाली इंग्लैंड टीम ने 20 ओवर में 4 विकेट पर 150 रन बनाए। कप्तान नैट सिवर-ब्रंट ने नाबाद 58 रन और फ्रेया कैम्प ने नाबाद 44 रन की पारी खेली। दोनों ने पांचवें विकेट के लिए 80 रन की साझेदारी की। ऑस्ट्रेलिया की ओर से लूसी हैमिल्टन, एनाबेल सदरलैंड, सोफी मोलिन्यू और किम गार्थ ने 1-1 विकेट लिया। ऑस्ट्रेलिया की कप्तान सोफी मोलिन्यू ने आईसीसी चेयरमैन जय शाह से महिला टी-20 वर्ल्ड कप 2026 की ट्रॉफी ली। ट्रॉफी मिलते ही उनकी आंखों में खुशी के आंसू थे और पूरी ऑस्ट्रेलियाई टीम जश्न में डूब गई।
फाइनल में बने बड़े रिकॉर्ड्स
ऑस्ट्रेलिया ने 7वीं बार महिला टी-20 वर्ल्ड कप जीता। इससे पहले टीम 2010, 2012, 2014, 2018, 2020, 2023 में चैम्पियन बनी थी। अन्य विजेता टीमों में इंग्लैंड (2009), वेस्टइंडीज (2016) और न्यूजीलैंड (2024) शामिल हैं। ऑस्ट्रेलिया अब महिला टी-20 वर्ल्ड कप में तीन बार बिना कोई मैच हारकर खिताब जीतने वाली पहली टीम बन गई है। टीम ने 2010, 2023 और 2026 में यह कारनामा किया। इंग्लैंड ने पहले एडिशन 2009 में ऐसा किया था। घरेलू सरजमीं पर इंग्लैंड पहली बार कोई वर्ल्ड कप फाइनल हारा। टीम ने वनडे वर्ल्ड कप 1973,1993, 2017 जीता था वहीं टी-20 वर्ल्ड कप 2009 भी अपने नाम किया था।
इंग्लैंड ने इंग्लैंड में ही हुए महिला टी-20 वर्ल्ड कप में 12 मैच खेले हैं, जिनमें 11 जीते और एकमात्र हार 2026 के फाइनल में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मिली। 151 रन का टारगेट महिला टी-20 वर्ल्ड कप के नॉकआउट मुकाबलों में दूसरा सबसे बड़ा रन चेज है। इससे बड़ा लक्ष्य सिर्फ 164 रन था, जिसे इंग्लैंड ने 2009 के सेमीफाइनल में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ हासिल किया था। महिला टी-20 वर्ल्ड कप में 150+ रन के 9 सफल रन चेज हुए हैं, जिनमें से 7 सिर्फ 2026 में आए। ऑस्ट्रेलिया ने 151 रन का लक्ष्य 17.1 ओवर में हासिल किया, जो महिला टी-20 वर्ल्ड कप इतिहास में 150+ लक्ष्य का सबसे तेज सफल रन चेज है। इससे पहले रिकॉर्ड इंग्लैंड के नाम था, जिसने 2009 सेमीफाइनल में 164 रन का लक्ष्य 17.2 ओवर में हासिल किया था।
बेथ मूनी प्लेयर ऑफ द मैच और प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट
ऑस्ट्रेलिया की बेथ मूनी ने महिला टी-20 वर्ल्ड कप 2026 में इतिहास रच दिया। वह दो बार 'प्लेयर ऑफ द फाइनल' (2023 और 2026) और दो बार 'प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट' (2020 और 2026) का पुरस्कार जीतने वाली पहली खिलाड़ी बन गईं। प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट चुने जाने के बाद मूनी ने कहा, इस टीम का हिस्सा होना ही मेरे लिए सबसे बड़ी बात है। बल्लेबाजी और विकेटकीपिंग, दोनों में योगदान देकर खुशी मिलती है। पिछले 12 महीनों में इस टीम ने काफी बदलाव और विकास किया है। हम निडर होकर खेले, एक-दूसरे का समर्थन किया और खेल का आनंद लिया।
इस जीत की नींव ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाजों ने रखी। उन्होंने इंग्लैंड को पूरे 20 ओवर में 150/4 के स्कोर पर रोक दिया। कप्तान ब्रंट ने 53 गेंदों में 58 रन बनाए, लेकिन ऑस्ट्रेलिया के गेंदबाजों ने उन्हें खुलकर खेलने का मौका नहीं दिया। जवाब में बेथ मूनी ने 49 गेंदों में 64 रन की मैच जिताऊ पारी खेली, जबकि लिचफील्ड ने 35 गेंदों में 48 रन बनाकर दूसरे विकेट के लिए 100 रन की साझेदारी की। मुकाबले का अंत भी दिलचस्प रहा, जब सोफी एक्लस्टन के ओवर की पहली गेंद पर 5 वाइड मिल गए और उसी के साथ ऑस्ट्रेलिया चैम्पियन बन गया। ऑस्ट्रेलिया ने पूरे टूर्नामेंट में अजेय रहते हुए खिताब जीता।
